देवास। भगवान हमेशा सही मार्ग दिखाते है, किंतु हम अहंकार वश और अज्ञानता के कारण समझ नही पाते ईश्वर के इशारे को अगर आपने सही गुरु का आश्रय नही लिया या फिर भगवान पर विश्वास नही किया। इसीलिए ईश्वर का दिखा मार्ग हमे दिखाई नही देता। हम अपने जीवन में कुछ अलग हट कर या नया बड़ा काम करते है तो अपने से ज्यादा शक्ति शाली या धनवान से सलाह लेते है और सफलता के लिए प्रयास करते है। महाभारत में दुर्योधन ने शकुनी से सलाह ली और अर्जुन ने श्री कृष्ण से सलाह ली कोरव सो थे और पांडव पांच परिणाम क्या हुआ। क्योंकि आपके सलाह कार ही आपकी सफलता को तय करते है। यह विचार मां गंगा जन कल्याण समिति द्वारा आयोजीत श्रीमद् भागवत कथा की पूर्णाहुति के अवसर पर भागवताचार्य जया किशोरी ने व्यक्त करते हुए कहे। आपने कहा कि जीवन में मित्रता अगर रखना है। कृष्ण और सुदामा जैसी मित्रता रखें मित्रता रखे मित्र वही है जो निस्वार्थ स्वार्थी मित्र हमेशा धोखा ही देते है। इसलिए सांसारिक मित्रों से बच के रहें और अध्यात्म के साथ संगत कर ईश्वर को ही अपना मित्र माने अगर रोना है तो ईश्वर के आगे रोव वह दया करें क्योंकि आप उसे याद करते हैं दया का उल्टा याद ही होता है। ईश्वर को याद करने वाला कभी धोखा नहीं खाता। सच्चे मन से ईश्वर को ही मित्र बनाएं। सुदामा चरित्र का वर्णन करते हुए कहा कि कहा कि दरिद्र वही होता है जो दूसरे के हक को खा लेता है चाहे वह भगवान का भक्त या मित्र क्यों ना उसे दंड तो जरूर मिलता है मगर अंततोगत्वा भगवान की शरणागति होने पर वह सब कुछ प्राप्त कर सकता है। तू करता वही है जो तू चाहता है। होता वही है जो वह चाहता है। तू कर वही जो वह चाहता है। तो होगा वही जो तू चाहता है । भागवत प्रसंग के समस्त दृष्टांतो का वर्णन करते हुए आपने कहा की जितनी कथा सुनी उसका एक अंश भी जीवन में उतार लिया तो आप भगवत प्रेमी हो कर जीवन में आनंद पाओगे ।
सात दिवसीय कथा के सर्व समाज के सात जोड़ो का सामूहिक विवाह किया गया जिन्हे व्यास पीठ से जया किशोरी ने आशीर्वाद दिया।कथा आरती में नगर पुलिस अधीक्षक विवेक सिंह चौहान सपरिवार बतौर अतिथि उपस्थित थे। क्षेत्रीय बाबू यादव, विमल शर्मा, पूर्व पार्षद अर्जुन यादव, वरिष्ठ पत्रकार अनिल सिकरवार, राजेश मालवीय, योगेश निगम आदि उपस्थित थे। इस अवसर पर समिति के कार्यकर्ता कपिल यादव, महेंद्र सेन्धव, धर्मेंद्र ठाकुर, हरिओम पटवारी, संतोष गोस्वामी, अरुण देशमुख, सुनील वर्मा, शैलेंद्र वर्मा, संजय चौधरी, मुकेश चौधरी, शुभम हनोतिया, पंडित हेमंत शर्मा, रोहित गोस्वामी, मोहित गोस्वामी, कुलदीप, अरुण, शुभम वर्मा ,राज सेंधव, अमित चौधरी, निखिल, जुगल पटेल, रघु दरबार, सुनील वर्मा, कृष्णा पारखे, गोपेश शर्मा, अखिलेश पटेल आदि का जया किशोरी जी द्वारा सम्मान किया गया। इस अवसर पर समिति के प्रमुख गंगा पुत्र महंत कमल पुरी गोस्वामी ने सभी के प्रति धन्यवाद व्यक्त करते हुए आभार प्रकट किया। कार्यक्रम का संचालन चेतन उपाध्याय किया।


