मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ देवास ने माननीय मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर कार्यालय में तहसीलदार श्रीमती पूनम तोमर को दिया ज्ञापन

मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ देवास ने  माननीय मुख्यमंत्री को 23 सूत्री मांगों को लेकर दिया ज्ञापन
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       जानकारी देते हुए मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ देवास के जिला मीडिया प्रमुख कमलसिंह डावर ने बताया कि मध्यप्रदेश में कार्यरत समस्त कर्मचारियों ने वैश्विक महामारी कोरोना से सरकार के साथ पूर्ण सहयोग देते हुए अपने आर्थिक मामलो में पूर्ण धैर्य रखा। साथ ही कई कोरोना योद्वा शहीद हो गये। जिसके लिए हम नतमस्तक है। आज भी कोरोना की इस लड़ाई में मध्यप्रदेश का प्रत्येक कर्मचारी सरकार के साथ है तथा आन्दोलन में कोरोना की गाइडलाईन का पालन करते हुए मास्क एवं सेनेटाईजर का उपयोग किया गया।
      मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ द्वारा तहसील स्तर पर दिनांक 25/03/2021,जिला स्तर पर 08/04/2021 एवं प्रदेश स्तर पर 21/04/2021 को ज्ञापन दिये गये थे। परन्तु आज दिनांक तक कर्मचारियों के मांगों का निराकरण न होने पर पुनः आन्दोलन हेतु बाध्य होना पड़ा।
       देवास जिला मुख्यालय पर दिनांक 19/07/2021 को माननीय मुख्यमंत्री के नाम मध्य प्रदेश राज्य कर्मचारी देवास द्वारा सैकड़ों की संख्या में रैली के साथ कलेक्टर कार्यालय पहुंचे एवं अपनी मांगों को लेकर भारत माता के नारे के साथ कलेक्टर कार्यालय देवास में तहसीलदार  श्रीमती पूनम तोमर को ज्ञापन दिया गया। जिला अध्यक्ष मनोहर सिंह सेंधव ने  23 सूत्री मांगों के ज्ञापन का वाचन कर सुनाया। कर्मचारियों की  प्रमुख मांगें 1. शासकीय कर्मचारियों की रोकी गई वर्षिक वेतनवृद्वि प्रारंभ कर एरियर सहित भुगतान किया जावे। 2. केन्द्र के समान डी.ए. (मंहगाई भत्ता) प्रदान किया जावे। 3. गृह भाड़ा भत्ता सातवें वेतनमान अनुसार केन्द्रीय कर्मचार अनुसार प्रदान किया जावे। 4. शिक्षा विभाग, आबकारी विभाग सहित सभी विभागों में कार्यरत अधिकारी / कर्मचारियों को पदोन्नति की प्रत्याशा में पुलिस विभाग के समान वरिष्ठ पदनाम को सभी विभागों में भी लागू किया जावे। 5. आदिम जाति एवं स्कूल शिक्षा विभाग में अन्य विभाग की तरह 300 दिन का अर्जित अवकाश प्रदान किये जावे। कार्यभारित कर्मचारियों को भी अन्य कर्मचारियों की तरह चिकित्सा एवं अर्जित अवकाश की सुविधायें प्रदान की जावे । 6. ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों को सर्वेयर के समान वेतनमान दिया जावे। 7. स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत ड्रेसर, महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता, पुरूष स्वास्थ्य कार्यकर्ता एवं अन्य की वेतन विसंगति दूर की जावे। 8. पंचायत सचिवों का पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में संविलियन किया जावे।9. लिपिक संवर्ग की वेतन विसंगति दूर कर छठवें वेतनमान ग्रेड पे 2400 एवं 2800 की जावे। 10. शासन के आदेशानुसार विभिन्न विभागों में कार्यरत संविदा कर्मचारियों को 90 प्रतिशत वेतनमान देकर लाभान्वित किया जावे तथा नियमितीकरण किया जावे। 11. विभिन्न विभागों में व्याप्त वेतन विसंगतियों को समाप्त किया जावे तथा अग्रवाल वेतन आयोग की शेष अनुसंशाओं को लागू किया जावे। 12. स्कूल शिक्षा विभाग एवं आदिम जाति विभाग में अध्यापक संवर्ग के क्रमोन्नति आदेश जारी किये जावे।13. पंचायत, शिक्षा विभाग सहित सभी विभागों में अंशदायी पेंशन के स्थान पर पुरानी पेंशन योजना लागू की जावे अथवा कर्मचारी के अंतिम वेतन का 50 प्रतिशन न्यूनतम पेंशन प्रदान की जावे। जावे।14. विभिन्न विभागों में कार्यरत स्थाई कर्मियों को विभाग के रिक्त तृतीय/ चतुर्थ श्रेणी के पदों पर नियमित किया जावे तथा 1 सितम्बर 2016 तक कार्यरत दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को स्थाई कर्मी में विनियमतीकरण किया 15. निर्माण विभागों में निचले पदो पर कार्यरत डिग्री/ डिप्लोमाधारी नियमित एवं कार्यभारित कर्मचारियों को उपयंत्री के पद पर पदोन्नत किया जावे। 16. माननीय उच्च न्यायालय एवं उच्चतम न्यायालय द्वारा नियमित वेतनभोगी/स्थाई कर्मियो का नियमित किये जाने के आदेश देकर उन्हे नियमित वेतनमान/वार्षिक वेतनवृद्वि व अन्य लाभ प्रदान किये जावे। 17. 30 जून को सेवानिवृत हो रहे कर्मचारियों को जुलाई की एक वेतनवृद्वि प्रदान कर सेवानिवृत्त किया जावे। उक्त निर्णय माननीय उच्चतम न्यायालय द्वारा भी दिया गया है। 18. प्रदेश में कार्यरत कर्मचारियों 01/01/2005 के बाद नियुक्त कर्मचारियों को एन.पी.एस. में प्राप्त पेंशन वेतनमान का कम से कम 50 प्रतिशत पेंशन भुगतान की जावे। 19. नेत्र चिकित्सा सहायक का पद नाम परिवर्तन कर ऑप्थेल्मिक ऑफिसर किया जावे। 20. ग्राम रोजगार सहायक/सहसचिवों का नियमितिकरण किया जावे। 21. शिक्षा विभाग में जारी अनुकंपा नियुक्ति के सरलीकरण के समान आदिमजाति कल्याण विभाग में भी सहायक शिक्षक (विज्ञान)/प्रयोगशाला सहायक पर नियुक्ति के आदेश प्रसारित किये जावे। 22. अनुकंपा नियुक्ति में सरलीकरण कर लंबित आवेदकों की शीघ्र नियुक्ति दी जावे। जिसमें परिवार की पुत्र बहु को भी अनुकंपा नियुक्ति हेतु पात्रता प्रदान की जावे। समस्त विभाग की अनुकंपा नियुक्ति को एक पोर्टल पर संधारित आनलाइन कर विभागों में नियुक्ति हेतु पारदर्शी बनाया जावे। 23. अन्य विभागों की तरह कृषि विभाग के प्रयोगशाला सहायकों को भी पद नाम परिवर्तित कर प्रयोगशाला तकनीशियन किया जावें। मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ माननीय से उक्त 1 से 23 तक की मांगो का शीघ्र निराकरण करने की मांग की गयीं।
            कर्मचारी महासंघ के राष्ट्रीय महामंत्री विष्णु वर्मा जिलाध्यक्ष मनोहर सिंह सेंधव, राष्ट्रीय कार्यकारणी सदस्य अश्विनी सूर्यवंशी, श्रीमती प्रतिभा सिसोदिया प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य, संजय शर्मा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य ,जिला कार्यकारी अध्यक्ष आशुतोष धारीवाल, जिला कोषाध्यक्ष राजेश वर्मा, जिला सचिव मुकेश उपाध्याय, जिला संगठन मंत्री मोहन दास बैरागी ,कमल सिंह डावर जिला मीडिया प्रमुख ,जगदीश तंवर लघुवेतन संघ अध्यक्ष, समस्त तहसीलों के अध्यक्ष सहित संघ के पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित हुए।
      मध्य प्रदेश राज्य कर्मचारी संघ द्वारा आगामी चरण में  दिनांक 23/07/2021 को संभाग स्तर पर कमिश्नर को माननीय मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया जाकर दिनांक 27/07/2021 को प्रदेश में माननीय मुख्यमंत्री को ज्ञापन दिया जावेंगा।

Post Author: Vijendra Upadhyay