पूछता है देवास – माता रानी के दर्शन के लिए आए श्रद्धालुओं के लिए अन्नक्षेत्र बंद क्यों?

  • समाजसेवियों ओर प्रशासन के आपसी तालमेल नही होने पर अन्नक्षेत्र बंद हुआ
  • अन्नक्षेत्र के नाम पर लाखो का फंड रखा हुआ है जो वर्तमान में किसी काम का नहीं
  • प्रशासन चाहे तो कुछ समय के लिए दीनदयाल अंत्योदय रसाई योजना को यहां लागु कर सकता है

देवास टाइम्स/ देवास के तत्कालीन कलेक्टर रहे आशुतोष अवस्थी ने देवास माता टेकरी पर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए अन्नक्षेत्र की शुरुवात की थी। जिसका संचालन कृषि उपज मंडी के व्यापारियों द्वारा किया जा रहा था। लेकिन लॉक डाउन ख़त्म होने के बाद अन्नक्षेत्र को लेकर समाजसेवियों ओर प्रशासन का तालमेल नहीं होने के कारण अन्नक्षेत्र आज तक चालू नही हो पाया। जबकि अन्नक्षेत्र के नाम पर लाखो का फंड भी रखा हुआ है। यदि प्रशासन चाहे तो कुछ समय के लिए दीनदयाल अंत्योदय रसाई योजना को यहां लागु कर सकता है

वैसे देखा जाये तो अन्नक्षेत्र लॉक डाउन से ही बंद है जो आज तक चालू नहीं हो पाया था। लेकिन वर्तमान समय में नवरात्री पर्व को देखते हुए प्रशासन को अन्नक्षेत्र को चालू करवाना था। ताकि नवरात्रि पर्व के दौरान दूर दराज से आने वाले लाखो भक्त को समय पर भोजन, फरियाली उचित दाम पर मिल जाता। एक ओर कोरोना के चलते प्रशासन द्वारा इस वर्ष भण्डारा पंडालो को भी अनुमति नही दी गयी। वही दूसरी और शहर में होटल, रेस्टोरेंट सब चालू है। लाखो दर्शनार्थी इस पर्व पर बाहर से आते है तो अगर उन्हें भोजन या फरियाली करना हो तो उन्हें बाहरी होटलों का सहारा लेना होगा जो की उचित दाम पर भी नहीं मिलेगा।

लेकिन सवाल यह उठता है की अगर कोरोना के कारण लगे लॉक डाउन में जगह-जगह पर भोजनो के पैकेट वितरण किये जा सकते है तो नवरात्रि के दिनों में क्यों नही ?

सोशल मिडिया पर भी इसी बात को लेकर कई सवाल भी उठे है। माँ की भक्ति करने में ओर भक्तो की सेवा करना कोरोना के नियमो का उल्लंघन है यह कैसी सोच है? वहीं प्रदेश में कई क्षेत्रो में हो रहे उपचुनाव में सभी पार्टिया हजारो समर्थको के साथ सभाए ओर जनसम्पर्क कर रही है क्या ये उल्लंघन नही है?

Post Author: Vijendra Upadhyay