देवास जिले में खाद्य प्रसंस्करण आधारित उद्योगो पर दो दिवसीय कार्यशाला का हुआ शुभारम्भ

जिले में खाद्य प्रसंस्‍करण आधारित उद्योग लगाने से जिले के किसानों की आय बढेगी 

                                                   – विधायक श्रीमती पवार

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जिले में खाद्य प्रसंस्‍करण आधारित उद्योग लगाने की असीम सम्‍भावना

                                                      – कलेक्‍टर शुक्‍ला

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स्‍थानीय उद्यमी/युवओं को विषय विशेषज्ञो द्वारा खाद्य प्रसंस्‍करण उद्योग की दी जानकारी

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     देवास 06 जनवरी 2022/ देवास जिले के स्‍थानीय उद्यमी/युवाओं के लिए खाद्य प्रसंस्‍करण आधारित उद्योगो पर दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन का शुभारम्‍भ होटल रामाश्रय देवास में हुआ। दो दिवसीय कार्यशाला में स्‍थानीय उद्यमी/युवाओं को विषय विशेषज्ञो द्वारा खाद्य प्रसंस्‍करण उद्योग की जानकारी एवं मार्गदर्शन दिया। कार्यशाला में आज प्रथम दिन लगभग 160 स्‍थानीय उद्यमी/युवा शामिल हुए। खाद्य प्रसंस्‍करण आधारित उद्योगो पर स्‍थानीय उद्यमी/युवाओं को नि:शुल्‍क प्रशिक्षण 07 जनवरी को भी दिया जायेगा। इस तरह की कार्यशाला प्रदेश में सिर्फ देवास और जबलपुर में आयोजित हो रही है।

     कार्यशाला के शुभारम्‍भ अवसर पर देवास विधायक श्रीमती गायत्री राजे पवार, कलेक्‍टर चन्‍द्रमौली शुक्‍ला, उप संचालक कृषि आर.पी. कनेरिया, उद्यानिकी अधिकारी देवास श्री पंकज शर्मा, परियोजना समन्‍वयक उद्यमिता विकास केन्‍द्र दिनेश खरे सहित अन्‍य अधिकारी उपस्थित थे।

     कार्यशाला में देवास विधायक श्रीमती गायत्री राजे पवार ने कहा कि खाद्य प्रसंस्‍करण आधारित उद्योग लगाने से अधिक लाभ मिलेगा। जिले में खाद्य प्रसंस्‍करण आधारित उद्योग लगाने से जिले के किसानों की आय बढेगी। जिले के युवाओं के लिए खाद्य प्रसंस्‍करण आधारित उद्योगो पर इस प्रकार की कार्यशाला समय-समय पर आयोजित होती रहनी चाहिए। जिससे युवाओं को उद्योग संबंधित जानकारी मिलेगी और जिले में उद्योग लगने से रोजगार का सृजन होगा।

     कलेक्‍टर चन्‍द्रमौली शुक्‍ला ने कहा कि जिले में खाद्य प्रसंस्‍करण आधारित उद्योग लगाने की असीम सम्‍भावना है। जिले के उद्यमी/युवाओं के लिए इस तरह की कार्यशाला होने से फसल आधारित उद्योगो के संबंध जानकारी मिलेगी। इससे उद्यमी/युवा छोटे-छोटे उद्योग लगाकर लाभ उठा सकते हे। युवा अलग-अलग तरीके की फसल लगाकर फसल से संबंधित उद्योग भी लगा सकते है।    

     परियोजना समन्‍वयक उद्यमिता विकास केन्‍द्र दिनेश खरे ने बताया कि प्रशिक्षण का मूल उद्देश्‍य प्रशिक्षणार्थियों को खाद्य प्रसंस्‍करण के क्षेत्र में उद्योग/व्‍यवसाय, स्‍वरोजगार स्‍थापना के क्षेत्र में आत्‍मनिर्भर बनाना और विषय से संबंधित विभिन्‍न पहलुओं से परिचित कराना साथ ही उद्योग स्‍थापित करने के लिए सहयोग प्रदान करना है।  कार्यशाला में स्‍थानीय उद्यमी/युवाओं को खाद्य प्रसंस्‍करण आधारित उद्योग/व्‍यवसाय आवश्‍यक मशीनरी-उपकरण, कच्‍चा माल एवं पूंजी की जानकारी, राष्‍ट्रीय फूड प्रोसेसिंग नीति और लाईसेंस प्रक्रिया पैकेजिंग, खाद्य प्रसंस्‍करण क्षेत्र के लिए प्रोत्‍साहनकारी योजनाओं एवं सुविधाओं की जानकारी दी।

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Post Author: Vijendra Upadhyay