राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम योजना का लाभ मिलने से अति कुपोषण और जन्मजात विकृति से मुक्त हुई मीनाक्षी

सफलता की कहानी (कहानी सच्ची है)

देवास 06 जुलाई 2018/ प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं से सभी पात्रों को लाभ पहुंचाया जा रहा है। सरकार आमजन के बेहतर स्वास्थ्य के लिए कई लाभकारी योजनाएं संचालित कर रही है। मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान की मंशा है कि प्रदेश का कोई भी व्यक्ति स्वास्थ्य सेवा वंचित न रहे। सभी को उचित स्वास्थ्य सेवा मिले। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग के अमले द्वारा लगातार स्वास्थ्य शिविर आयोजित कर आमजन को बेहतर स्वास्थ सेवा दे रहे हैं। शासन की राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम योजना का सहारा मिलने से बालिका मीनाक्षी को कुपोषण और जन्मजात विकृति से छुटकारा मिल गया है। कुपोषण व जन्मजात विकृति से मुक्त होने पर मीनाक्षी के माता-पिता खुश हैं।
जिले की देवास तहसील के ग्राम पटलावदा की बालिका मीनाक्षी की माता लाड़कीबाई एवं पिता गुलनाज बताते है कि वह गरीब परिवार से तथा मजदूरी एवं भंगार विक्रय करके अपना गुजारा कर रहे हैं। वे बताते है कि उनके यहां तीसरे नम्बर की बच्ची मीनाक्षी है जो कि कुपोषण एवं जन्मजात विकृति से ग्रस्त थी। इस दौरान आर.बी.एस.के के चिकित्सकों ने स्वास्थ्य परीक्षण किया। परीक्षण में पाया कि बालिका अति कुपोषित अवस्था में है और क्लेफ्ट लिप (कटे-फटे होंठ) भी हैं। लेकिन चिकित्सक द्वारा जॉचकर निर्णय लिया कि पहले कुपोषण से मीनाक्षी को मुक्त करेंगे फिर क्लेफ्ट लिप की सर्जरी की जाएगी। आर.बी.एस.के की टीम द्वारा 8.12.2017 को मीनाक्षी को भर्ती किया गया। भर्ती के समय मिनाक्षी की उम्र एक माह 13 दिन तथा वजन एक किलो 740 ग्राम एवं ऊंचाई 47 से.मी आ रही थी जो कि अति कुपोषण की श्रेणी में आ रही थी। पोषण पुर्नवास केन्द्र में मीनाक्षी को 21 दिन रखा गया, तथा चिकित्सकों की देखरेख में स्वास्थ्यप्रद डाईट पर रखा गया और समय-समय पर चिकित्सक एवं प्रशिक्षक डॉ. अर्चना दुबे ओर स्टॉफ ने भर्ती के दौरान लगातार माता को आहार की जानकारी दी व समझाईश दी कि छुटटी पश्चात घर पर किस तरह देखरेख करना व बच्चे को डाईट देना है। जिसके फलस्वरूप मीनाक्षी 7वें दिन ही अपने भर्ती वजन का 15 प्रतिशत बढोतरी हुई, 7वें दिन मीनाक्षी का वजन 2 किलो 50 ग्राम हुआ तथा 21वें दिन छुटटी के समय वजन 2 किलो 650 ग्राम एवं ऊंचाई 50 से.मी. हुई जो कि अति गम्भीर कुपोषित से निकलकर सामान्य की श्रेणी में आ गई। समय-समय पर फॉलोअप और कांउसलिंग की गई ।
अब सामान्य हो गई मीनाक्षी
आरबीएसके दल प्रभारी ने बताया कि 24 मई 2018 को मीनाक्षी 6 माह 29 दिन की होकर वजन 5 किलो 370 ग्राम एवं ऊंचाई 60 से.मी है जो कि सामान्य स्थिति को दर्शाता है। सामान्य होने पर मीनाक्षी का क्लेफ्ट लिप (कटे-फटे होंठ) की सफल सर्जरी की गई। क्लेफ्ट लिप की सर्जरी शासन के राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत सीएचएल अस्पताल इंदौर में नि:शुल्क कराई गई। सर्जरी पर होने वाला पूरा खर्च शासन ने उठाया। इस प्रकार मीनाक्षी को जन्मजात विकृति से भी मुक्ति मिल गई है।
उन्होंने बताया कि आज वह पूर्णतः स्वस्थ है।
मुख्यमंत्री जी को दे रहे हैं धन्यवाद
मीनाक्षी के परिजन एवं रिश्तेदार म.प्र.शासन की योजना से बहुत खुश है। परिजनों का कहना है कि शासन की योजना से गरीब वर्ग के बच्चों का निशुल्क इलाज का लाभ मिला रहा है। मीनाक्षी के स्वस्थ्य हो जाने पर परिजन मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान एवं स्वास्थ्य विभाग के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को हृदय से धन्यवाद दे रहे हैं। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री जी गरीबों के लिए मसीहा हैं।

Post Author: Vijendra Upadhyay

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