अमलतास इंस्टीट्यूट ऑफ होम्योपैथी: समय पर परीक्षा संपन्न
एनसीएच के मानकों के तहत दी जा रही है गुणवत्तापूर्ण शिक्षा
देवास। अमलतास इंस्टीट्यूट ऑफ होम्योपैथी द्वारा बीएचएमएस प्रथम प्रोफेशनल पाठ्यक्रम की वार्षिक विश्वविद्यालय परीक्षा, राष्ट्रीय होम्योपैथी आयोग (एनसीएच) के शैक्षणिक कैलेंडर के अनुसार निर्धारित समयावधि अर्थात डेढ़ वर्ष के भीतर सफलतापूर्वक संपन्न करवा दी गई है।
संस्थान में विद्यार्थियों को सीबीडीसी (सीबीडीसी) करिकुलम एवं एमईएस-2024 (Minimum Essential Standards-2024) मानकों के अनुरूप आधुनिक एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान की जा रही है। विद्यार्थियों के शैक्षणिक विकास हेतु स्मार्ट क्लासेस, ऑडियो-विजुअल टीचिंग सिस्टम, क्लीनिकल टीचिंग एवं प्रायोगिक शिक्षण व्यवस्था को प्रभावी रूप से संचालित किया जा रहा है।
इसके अतिरिक्त विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास हेतु विभिन्न सेमिनार, कार्यशालाएँ, वाद-विवाद प्रतियोगिताएँ, खेलकूद गतिविधियाँ, असाइनमेंट, एवं अन्य शैक्षणिक एवं सह-शैक्षणिक गतिविधियों का नियमित आयोजन किया जा रहा है, जिसके माध्यम से विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्तायुक्त एवं व्यावहारिक शिक्षा प्रदान की जा रही है।
संस्थान के चेयरमैन मयंक राज सिंह भदोरिया ने बताया कि संस्थान का मुख्य लक्ष्य सभी विद्यार्थियों को समय पर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराते हुए उनका पाठ्यक्रम निर्धारित अवधि में पूर्ण करवाना है, ताकि बीएचएमएस का साढ़े पाँच वर्ष का सम्पूर्ण कोर्स नियत समयावधि में ही पूर्ण कराया जा सके।
संस्थान के प्राचार्य डॉ योगेंद्र सिंह भदोरिया ने बताया कि डॉ सुशीला सिंह, डॉ मुकेश अग्रवाल, डॉ हरीश कुमार, डॉ सुनील चंदेल, डॉ तनुजा बोर्डिया जैसे अनुभवी शिक्षकों के मार्गदर्शन एवं अनुशासित अकादमिक वातावरण के माध्यम से विद्यार्थियों को उत्कृष्ट शिक्षण सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
संस्थान प्राचार्य ने सभी विद्यार्थियों को उज्ज्वल भविष्य हेतु शुभकामनाएँ प्रदान करते हुए कहा कि भविष्य में भी एनसीएच के दिशा-निर्देशों, शैक्षणिक कैलेंडर एवं नवीन शैक्षणिक मानकों का पूर्णतः पालन किया जाता रहेगा।


