देवास जिले में ‘’सहयोग से सुरक्षा अभियान” अन्‍तर्गत भरवाये जायेंगे शपथ-पत्र

कलेक्‍टर शुक्‍ला ने जिले के सभी नागरिकों से कारोना समाप्ति की शपथ लेने की अपील की

देवास, 14 अगस्त 2020/ कलेक्‍टर चन्‍द्रमौली शुक्‍ला ने बताया कि कोरोना संक्रमण की रोकथाम के उपाय तथा जन जागरूकता लाने के लिए ‘’सहयोग से सुरक्षा अभियान’’ का शुभारम्‍भ 15 अगस्‍त 2020 को किया जायेगा। ‘’सहयोग से सुरक्षा अभियान’’ अंतर्गत 15 अगस्‍त को शपथ पत्र भरवाये जायेंगे।
कलेक्‍टर श्री शुक्‍ला ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिये कि सभी अधिकारी अपने-अपने विभागों से जुडी संस्‍थाओं के हितग्राहियों से अधिक से अधिक संख्‍या में शपथ पत्र भरवाये। देवास जिले में ‘’सहयोग से सुरक्षा अभियान’’ में शासकीय विभाग, स्वैच्छिक संगठन, व्यापारिक संगठन, धर्मगुरु और जनप्रतिनिधि व्यापक भागीदारी करेंगे। यह अभियान सभी वर्गो के सहयोग से संचालित होगा।
कलेक्टर श्री चंद्रमौली शुक्ला ने जिले के सभी नागरिकों से अपील की है कि जिले के सभी नागरीक 15 अगस्त 2020 स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर कोरोना समाप्ति का दृढ निश्चय संकल्प ले। आप न केवल एक जिम्मेदार नागरिक होने का परिचय देगें बल्कि अपने घर, मोहल्ले, गांव, शहर और राष्ट्र हित में फेस मास्क का उपयोग करेगें, सामाजिक दूरी का पालन करेंगे, कम से कम आवाजाही रखेंगे और जो लोग इनका पालन नहीं कर रहे है उनको रोकने-टोकने और जो लोग इस बीमारी से ग्रसित होते है उनके प्रति सहानुभूतिपूर्वक व्यवहार रखेंगे।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एम.पी. शर्मा ने बताया कि ’सहयोग से ही सुरक्षा अभियान’’ अंतर्गत सहयोग और समर्थन से ही कोरोना समाप्ति के दृढ निश्चय के लिए स्वतंत्रता दिवस पर 15 अगस्त 2020 को ध्वजारोहण के समय समस्त शासकीय-अशासकीय समाजसेवी संस्थाओं, जनप्रतिनिधिगण, मीडिया प्रतिनिधिगण द्वारा शपथ/ संकल्प लिया जावेगा। ‘’सहयोग से ही सुरक्षा अभियान’’ का मुख्य उद्देश्य कोरोना कोविड-19 के प्रति लोगों के बीच जागरूकता बढाना, समुदाय को प्रोत्साहित करना की बचाव के उपायों को जीवन शैली का अंग बनाते हुए बचाव के व्यवहारों को निरंतरता बनाए रखना, सरल, स्पष्ट और सुग्राही संदेशों के माध्यम से लोगों की आदतों में बदलाव को स्थायी बनाना, सूचना तंत्र को सुदृढ कर गलत और भ्रामक जानकारियों का खंडन करते हुए लोगों को सही जानकारी प्रदान करना, कोरोना खत्म करने के लिए जनप्रतिनिधियों, मीडिया और समाज की भागीदारी सुनिश्चित करना तथा सेवा प्रदाताओं और संक्रमित लोगों को कलंक और भेदभाव का शिकार होने से बचाना है।

Post Author: Vijendra Upadhyay