कोरोना वायरस को लेकर प्रशासन सतर्क

-समीक्षा बैठक में जनजागरूकता हेतु स्वास्थ्य विभाग को दिये निर्देश
-स्कूल तथा कॉलेजों में प्रेजेंटेशन के माध्यम से दी जाए जानकारी

देवास, 04 मार्च 2020/ कोरोना वायरस के संबंध में जिला प्रशासन सजग एवं सतर्क है। कोरोना वायरस से बचाव के लिए आवश्यक तैयारियां तथा रोकथाम के संबंध में कलेक्टर डॉ. श्रीकान्त पाण्डेय के मार्गदर्शन में जिला पंचायत सीईओ श्रीमती शीतला पटले ने आज बुधवार को जिला पंचायत के सभाकक्ष में समीक्षा बैठक ली। बैठक में उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि प्राइवेट सेक्टर के डॉक्टरों तथा ड्रग एसोसिएशन के साथ बैठक आयोजित करे। सभी ब्लॉक लेवल अधिकारियों के साथ बैठक कर उन्हें प्रशिक्षित करें तथा ब्लॉक स्तर पर भी जागरूकता संबंधित बैठकों का आयोजन करें। कोरोना वायरस के बचाव से संबंधित जानकारी सभी विभागों को उपलब्ध करवाये जिससे जागरूकता संबंधी जानकारी ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंच सके। उन्होंने शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि कोरोना वायरस से जागरूकता के संबंध में स्कूल तथा कॉलेजों में प्रेजेंटेशन के माध्यम से जानकारी दी जाए। सभी स्कूलों में बच्चों के लिए हाथ धोने तथा सफाई की समझाईश दी जाए। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस अब चीन तक सीमित नहीं है यह दुनिया के 72 देशों में पहुंच चुका है। कोरोना वायरस से घबराये नहीं। कोरोना वायरस की रोकथाम एवं बचाव का उपाय अपनाए।
बैठक में जिला मलेरिया अधिकारी रश्मि दुबे ने प्रेजेंटेशन के माध्यम से बताया कि जिले में अभी तक कोराना वायरस से संबंधित कोई भी मामला नहीं आया है। कोराना वायरस से बचाव एवं जागरूकता के लिए जिले में टीम गठित की गई है। उन्होंने बताया कि यदि कोई मामला सामने आता है तो जिला अस्पताल में पूरी तैयारी की गई है। जिला अस्पताल में आइसोलेशन वार्ड बनाए गए हैं। जिला चिकित्सालय में N95 मास्क उपलब्ध है, N95 मास्क वायरल फ्लू से बचने के लिए काम में आता है। जिले में चीन से 10 लोग आए थे इन सभी की स्क्रीनिंग कर ली है। देवास जिला अभी पूर्ण सुरक्षित है। जिले में कोराना वायरस से बचाव एवं जागरूकता के लिए टीम गठित की गई है।
उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस से बचाव के लिए सिविल सर्जन एवं समस्त मुख्य खण्ड चिकित्सा अधिकारियों, मेडिकल ऑफिसर, स्वास्थ्य कार्यकर्ता व आशा कार्यकर्ता को निर्देशित किया गया है कि अपने क्षेत्र मे गंभीर रोगियों/गंभीर सर्दी जुकाम की बीमारी के मरीजों पर नजर रखे एवं एक स्थान से आने वाले मरीजों की जानकारी रखी जावे। इस बीमारी नियंत्रण एवं बचाव हेतु चिकित्सक व समस्त स्वास्थ्य प्रदायकर्ता सावधानी बरते तथा आम नागरिकों को भी जागरूक करें। कोरोना वायरस का कोई भी मरीज चिन्हित होता है तो उसके भर्ती हेतु जिला चिकित्यालय देवास में तृतीय तल पर आइसोलेशन वार्ड चिन्हित किया गया है। आईसोलेशन हेतु जिला चिकित्सालय देवास में तृतीय मंजील पर दो-दो बिस्तर के तीन के वार्ड, कुल 06 बिस्तरीय आरक्षित किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा समय-समय पर जन जागरूकता कार्यक्रम आयोजित भी किए जा रहे हैं। इसके साथ ही जिला चिकित्सालय, अन्य स्वास्थ्य केंद्रों तथा शासकीय कार्यालयों पर पर भी जनजागरूकता वाले फ्लेक्स भी लगाए गए हैं।
कोरोना वायरस से रोकथाम, नियंत्रण एवं बचाव का उपाय अपनायें
बैठक में बताया कि कोरोना वायरस एक प्राण घातक वायरस है जो चीन में तेजी से फैलता जा रहा है। विश्व स्वास्थ संगठन ने कोरोना वायरस के संक्रमण से बचने के लिए लोगो से कुछ सावधानिया बरतने को कहा है। बैठक में बताया गया कि किसी भी प्रकार का पेय पदार्थ (कोल्ड ड्रिंक्स) आइसक्रीम, कुल्फी आदि खाने से बचे। किसी भी प्रकार का बंद डिब्बा भोजन, पुराना बर्फ का गोला, सील बंद दूध तथा दूध से बनी हुई मिठाईया जो कि 48 घंटे से पहले की बनी हो उसे नहीं खावे। इन सभी चीज़ों का इस्तेमाल दिनांक 28 जनवरी 2020 से कम से कम 90 दिनों तक न करे। विश्व स्वास्थय संगठन के मुताबिक कोरोना वायरस से बचने के लिए अपने हाथों को साबुन या गरम पानी से धोये। खासते, छींकते वक़्त नाक और मुँह को किसी टिशू पेपर या रुमाल से ढके क्योंकि ये वायरस छींक से भी फैलता है। बैठक में बताया गया कि गंभीर रोगियों/गंभीर सर्दी जुकाम की बीमारी Acute respiratory infection/Influenza like Illness (ARI/ILI) के मरीजों पर नजर रखें व एक ही स्थान से आने वाले ARI/ILI के मरीजों की जानकारी रखी जावे। इस बीमारी के नियंत्रण एवं बचाव हेतु चिकित्सक व समस्त स्वास्थ्य प्रदायकर्ता सावधानी बरतें तथा आम नागरिकों को भी जागरूक करें।
कोरोना वायरस से संक्रमित मरीज के लक्षण
नोबल कोरोना वायरस से संक्रमित मरीज के लक्षणों में गंभीर श्वसन संक्रमण से पीडि़त भर्ती मरीज जिले खांसी व बुखार की तकलीफ रही है तथा जिसका कारण स्पष्ट न हो रहा हो। तेज बुखार खांसी, गले में खराश, सांस फूलना। लक्षण प्रकट होने के पहले 14 दिन के भीतर चीन के हुवाई राज्य के वुहान शहर की यात्रा की हो। कोई स्वास्थ्यकर्मी जो गंभीर, श्वसन संक्रमण के मरीज के संपर्क में आया हो चाहे जिसकी कोई ट्रेवल हिस्ट्री न हो। मरीज जिसमें असामान्य तथा असंभावित लक्षण प्रकट हो रहे हों व सभी संभव इलाज के पश्चात् भी हालत में सुधार न हो रहा हो व कारण स्पष्ट न हो पा रहा हो तथा ट्रेवल हिस्ट्री भी न हो।

Post Author: Vijendra Upadhyay

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